महंगाई या मुद्रास्फीति

महंगाई या मुद्रास्फीति

वस्तुओं एवं सेवाओं की कीमत में लगातार वृद्धि की अवस्था महंगाई या मुद्रास्फीति कहलाती है| इसे अर्थशास्त्र में इन्फ्लेशन भी कहा जाता है| यह स्वाभाविक रूप से बचत पर विपरीत प्रभाव डालती है| हम इस पोस्ट में महंगाई या मुद्रास्फीति के बारे में विभिन्न बातों पर चर्चा करेंगे| हम यह भी देखेंगे की विभिन्न आधार पर महंगाई या मुद्रास्फीति के प्रकार क्या है. आइये चर्चा की शुरुआत करते है| जब अर्थव्यस्था में वस्तुओं का मूल्य अथवा सेवाओं का मूल्य बढ़ जाता…

ग्रेच्युटी भुगतान (संशोधन) अधिनियम 2018, 29 मार्च 2018 से लागू

ग्रेच्युटी भुगतान (संशोधन) अधिनियम 2018

ग्रेच्युटी भुगतान (संशोधन) अधिनियम 2018, 29 मार्च 2018 से लागू कर दिया गया| हम इस पोस्ट में इससे सम्बन्धित तमाम बातों को जानेंगे जैसे ग्रेच्युटी क्या है तथा ग्रेच्युटी का लाभ कौन प्राप्त कर सकता है? ग्रेच्युटी अधिनियम 1972 में क्या प्रावधान है और इसमें संसोधन की अर्थात ग्रेच्युटी भुगतान (संशोधन) अधिनियम 2018 लाने की क्या जरूरत पड़ी? आइये चर्चा प्रारंभ करते है| ग्रेच्युटी भुगतान (संशोधन) अधिनियम 2018 लोकसभा में 15 मार्च 2018 को और राज्य सभा में 22…

शेयर और शेयर बाजार की हिंदी में बेसिक समझ

शेयर और शेयर बाजार की हिंदी में बेसिक समझ

आप पढ़ने जा रहे है अवेयर माय इंडिया की हिंदी आर्टिकल ‘शेयर और शेयर बाजार की हिंदी में बेसिक समझ’| शेयर किसी कम्पनी का अंश या हिस्सा होता है| सरल शब्दों में ऐसा कहा जा सकता है की जब कोई व्यक्ति किसी कम्पनी का शेयर खरीदता है तो उस व्यक्ति को उस कम्पनी पर आंशिक मालिकाना अधिकार प्राप्त हो जाता है| इन शेयरों की खरीद बिक्री जहां होती है उसे शेयर बाजार कहा जाता है|…

स्टॉक एक्सचेंज की समझ

स्टॉक एक्सचेंज

स्टॉक एक्सचेंज को शेयर बाजार का एक महत्वपूर्ण अंग कहा जा सकता है| हम इस पोस्ट में इसके बारे में सरल और आधारभूत बातें करेंगे| हम इस पोस्ट में भारत की दो महत्वपूर्ण स्टॉक एक्सचेंज नेशनल स्टॉक एक्सचेंज-एन.एस.इ और मुंबई स्टॉक एक्सचेंज बी.एस.इ.के अलावे इनके प्रमुख सूचकांक Nifty 50 & Sensex की भी बात करेंगे| हम समझेंगे की यह क्या है और किस तरह से इसका निर्धारण किया जाता है? आइये चर्चा की शुरुआत करते है| स्टॉक एक्सचेंज…

क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक साझेदारी

क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक साझेदारी

क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक साझेदारी एक मुक्त व्यापार समझौता है| इसमें एशिया प्रशांत क्षेत्र के16 देश शामिल है| इस की औपचारिक शुरुआत नवंबर 2012 में कंबोडिया में आसियान शिखर सम्मेलन में की गई थी| इसका उद्देश्य व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने के लिए सदस्य देशों के बीच व्यापार नियमों को उदार एवं  सरल बनाना है| भारत वार्ता को बढ़ाना चाहता है परंतु भारत का पक्ष है कि लाभ को समान रुप से साझा करने के…