18वीं सदी के भारत की आर्थिक व्यवस्था

18वीं सदी के भारत की आर्थिक व्यवस्था

18वीं सदी के भारत की आर्थिक व्यवस्था या 18th century India’s economic system इतिहासकारों और विद्यार्थियों के लिए काफी चर्चा का विषय रहा है| तत्कालिक भारत आर्थिक रूप से सम्पन्न था या विपन्न इस बात को लेकर विद्वानों में काफी मतभेद रहा है| ज्यादातर विद्वान का मानना है की आर्थिक जीवन स्थिर या प्रगतिशील नहीं था तथापि इस बात से इंकार नही किया जा सकता है की उस समय का भारत औपनिवेशिक काल से बेहतर अवस्था…

पुनर्जागरण और भौगोलिक खोज का भारत सहित एशिया और अफ्रीका पर प्रभाव

भौगोलिक खोज का प्रभाव

13 वीं से 15 वीं शताब्दी के बीच यूरोप में आधुनिक विश्व की नींव रखने वाले महान आन्दोलन पुनर्जागरण की शुरुआत हुई| पुनर्जागरण का पूरी दुनिया पर व्यापक प्रभाव पड़ा| इस क्रांति की कड़ी के रूप में ही भौगोलिक खोज का दौर प्रारम्भ हुआ| पुनर्जागरण और भौगोलिक खोज ने भारत सहित एशिया और अफ्रीका को व्यापक रूप से प्रभावित किया| हम इस पोस्ट में इन बातों की चर्चा करेंगें| Punarjaagaran aur bhaugolik khoj ka bhaarat sahit…

1857 के विद्रोह के कारण

1857 के विद्रोह के कारण

सन 1857 में भारत में एक शक्तिशाली जन विद्रोह हुआ| इसने वर्षों से भारत को गुलाम बनाकर रखने वाले मजबूत ब्रिटिश शासन को हिलाकर रख दिया| इस विद्रोह का आरम्भ तो कम्पनी की सेना के भारतीय सिपाहियों द्वारा हुआ था लेकिन जल्द ही आम लोग भी इस विद्रोह में शामिल हो गये| लाखों लाख किसान, दस्तकार तथा सिपाही एक साल से अधिक समय तक बहादुरी से लड़ते रहे और अपनी मिशाली वीरता और बलिदानों से…